युद्ध का वृत्तांत

हमारा नायक शापित सूअर के सामने मोहरे बिछाता है। कालकोठरी चुपचाप देखती है।

कालकोठरी की निगाह के तले 18 चालों का संघर्ष।

हमारा नायक को भागने के लिए मजबूर होना पड़ता है। शापित सूअर मैदान पर कब्ज़ा करता है।

लोड हो रहा है…

चाल दर चाल युद्ध

चालों का अभिलेख पुनर्निर्मित नहीं हो सका, पर युद्ध की गूँज अभी भी कालकोठरी में लटकी है।

हमारा नायक को भागने के लिए मजबूर होना पड़ता है। शापित सूअर मैदान पर कब्ज़ा करता है।